ओडिशा सरकार ने टेक्निकल और प्रोफेशनल कोर्स करने वाले मेधावी छात्रों के लिए e-Medhabruti योजना के तहत विशेष स्कॉलरशिप की घोषणा की है। यह सहायता राशि सालाना 20,000 रुपये तक है और आवेदन का अंतिम मौका आज शाम तक उपलब्ध है। राज्य के युवाओं को उच्च शिक्षा में आर्थिक मदद पहुंचाने वाली यह योजना उच्च शिक्षा विभाग के तहत चल रही है। हजारों सीटें उपलब्ध हैं, जो मेरिट आधारित चयन प्रक्रिया से भरी जाएंगी।

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योजना का लक्ष्य और दायरा
e-Medhabruti का मुख्य उद्देश्य ओडिशा के स्थानीय छात्रों को इंजीनियरिंग, मेडिकल, फार्मेसी, लॉ, एमबीए जैसे पाठ्यक्रमों में आगे बढ़ने के लिए प्रेरित करना है। ग्रेजुएशन स्तर पर तीन साल, पोस्ट ग्रेजुएट स्तर पर दो साल और टेक्निकल कोर्स की पूरी अवधि तक वित्तीय सहायता मिलेगी। प्रतिवर्ष 15,000 से अधिक छात्रों को इसका लाभ पहुंचाया जाता है। योजना उन परिवारों पर फोकस करती है, जहां आर्थिक तंगी शिक्षा में बाधा बन रही हो। इससे राज्य में स्किल डेवलपमेंट को बढ़ावा मिलेगा और युवा आत्मनिर्भर बनेंगे।
कौन कर सकते हैं आवेदन
ओडिशा के मूल निवासी छात्र, जिनके परिवार की सालाना आय छह लाख रुपये से कम है, वे पात्र हैं। पिछली परीक्षा में कम से कम 55 से 60 प्रतिशत अंक होना जरूरी है। कोर्स का पहला साल जॉइन करने वाले फ्रेशर छात्र ही आवेदन कर सकते हैं। चयन में मेरिट लिस्ट के साथ कम आय वाले परिवारों को प्राथमिकता दी जाती है। अगले सालों में रिन्यूअल अपने आप हो जाता है, बशर्ते प्रदर्शन अच्छा रहे। यह व्यवस्था छात्रों को लंबे समय तक सुरक्षित रखती है।
आवेदन की सरल प्रक्रिया
छात्र आधिकारिक वेबसाइट पर जाकर आसानी से रजिस्टर कर सकते हैं। पोर्टल पर e-Medhabruti का टेक्निकल और प्रोफेशनल सेक्शन चुनें। आधार कार्ड, आय प्रमाण पत्र, जाति प्रमाण पत्र यदि लागू हो, एडमिशन लेटर, बैंक खाता विवरण और मार्कशीट अपलोड करें। कॉलेज के प्रिंसिपल स्तर पर सत्यापन के बाद राशि सीधे खाते में ट्रांसफर हो जाती है। आज अंतिम तिथि होने से जल्दबाजी में भी सावधानी बरतें। तकनीकी खराबी की स्थिति में हेल्पलाइन नंबर का सहारा लें।
राशि और लाभ का विवरण
टेक्निकल कोर्स करने वालों को प्रति वर्ष 20,000 रुपये मिलेंगे, जबकि अन्य श्रेणियों में भी आकर्षक रकम है। लगभग 6,000 छात्र इस कैटेगरी में लाभान्वित होंगे। डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर से कोई मध्यस्थता नहीं होती। यह राशि फीस, किताबें और अन्य खर्चों में मदद करती है। पिछले वर्षों में हजारों छात्रों ने इस योजना से करियर को नई ऊंचाई दी।
छात्रों की उम्मीदें और सरकार का संकल्प
राज्य भर के कॉलेजों में छात्र उत्साहित हैं। एक इंजीनियरिंग छात्र ने बताया कि यह स्कॉलरशिप उनके लिए बोझ कम करने वाली साबित हुई। सरकार का कहना है कि ऐसी योजनाओं से शिक्षा दर में इजाफा हो रहा है। मुख्यमंत्री की मेक इन ओडिशा पहल से जुड़ी यह स्कॉलरशिप राज्य की अर्थव्यवस्था को मजबूत करेगी। विशेषज्ञ मानते हैं कि स्किल्ड युवाओं की फौज तैयार होने से रोजगार के नए द्वार खुलेंगे।















