घर बनाने का सपना देखने वाले ग्रामीण नागरिकों के लिए बड़ी खबर है।प्रधानमंत्री आवास योजना ग्रामीण यानी PMAY-G की ताजा लाभार्थी लिस्ट आधिकारिक वेबसाइट पर अपलोड हो चुकी है। लाखों गरीब परिवार अब झोपड़ियों को अलविदा कहकर पक्के मकान बना सकेंगे। सामान्य इलाकों में 1.20 लाख रुपये सीधे बैंक खाते में तीन किस्तों में आएंगे, जबकि पहाड़ी या मुश्किल क्षेत्रों में ये राशि 1.30 लाख तक पहुंच जाएगी। पहली किस्त में ही करीब 70,000 रुपये निर्माण शुरू करने के लिए मिल जाएंगे। एससी-एसटी, विधवा, दिव्यांग और अल्पसंख्यक परिवारों को खास प्राथमिकता दी गई है। 2026 तक 2 करोड़ नए घर बनाने का लक्ष्य पूरा होने वाला है, जो गांवों का चेहरा बदल देगा।

Table of Contents
सहायता राशि का पूरा ब्रेकअप
हर घर कम से कम 25 वर्ग मीटर का होना चाहिए, जिसमें शौचालय की व्यवस्था जरूरी है। इसके अलावा मनरेगा के तहत 90-95 दिनों की मजदूरी और 12,000 रुपये शौचालय निर्माण के लिए अलग से मिलेंगे। चयन सेएससीसी डेटा के आधार पर होता है, बशर्ते परिवार के पास पहले से कोई पक्का घर न हो। महिलाओं के नाम पर घर रजिस्टर किए जाते हैं, ताकि परिवार सुरक्षित रहे। ये योजना न सिर्फ छत देती है, बल्कि सम्मान और आत्मनिर्भरता भी लाती है। लेकिन याद रखें, फर्जी वेबसाइटों से दूर रहें। सिर्फ pmayg.nic.in ही असली साइट है, जहां से सारी जानकारी मिलेगी। उत्तर प्रदेश और बिहार जैसे राज्यों में लाखों घर पहले ही स्वीकृत हो चुके हैं।
नाम चेक करने का आसान तरीका
ये काम मोबाइल पर всего दो मिनट में हो जाएगा। सबसे पहले pmayg.nic.in खोलें। वहां अवास सॉफ्ट या स्टेकहोल्डर्स सेक्शन में जाएं। फिर रिपोर्ट या आईएवाई/पीएमएवाईजी बेनिफिशरी डिटेल्स चुनें। अपना राज्य, जिला, ब्लॉक और गांव सिलेक्ट करें। कैप्चा कोड भरकर सबमिट दबाएं। स्क्रीन पर आपका नाम, सैंक्शन नंबर, किस्त का स्टेटस और पीडीएफ डाउनलोड का ऑप्शन आ जाएगा। अगर रजिस्ट्रेशन नंबर पता हो तो एडवांस सर्च से सीधे ढूंढें। नाम न दिखे तो स्थायी वेटिंग लिस्ट देखें या ग्राम पंचायत से संपर्क करें। हेल्पलाइन नंबर 1800-11-6446 पर कॉल करके भी मदद लें।
घर बनवाने के अगले कदम
नाम मिला तो ग्राम सभा की बैठक में हिस्सा लें। आधार कार्ड, बैंक पासबुक जैसे दस्तावेज तैयार रखें। निर्माण शुरू होते ही जियो-टैगिंग करवाएं, वरना अगली किस्त रुक सकती है। अगर अभी तक आवेदन नहीं किया तो सीएससी सेंटर या वेबसाइट से फॉर्म भरें। ये नई कॉलोनी लिस्ट गांवों को चमकदार बनाएगी। पक्के घरों की गलियां, बिजली-पानी की सुविधा, सब कुछ बदलेगा। सरकार आपका साथ दे रही है, अब बारी आपकी। आज ही नाम चेक करें और सपनों का घर बनवाएं। ग्रामीण भारत अब नई ऊंचाइयों को छुएगा!















