
डिजिटल ट्रांजैक्शन के बढ़ते दौर में भी कई बार हमें बड़े कैश (Cash) की जरुरत पड़ती है, लेकिन क्या आप जानते हैं कि अपने ही खाते से पैसा निकालने की भी एक सीमा होती है? रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया (RBI) और इनकम टैक्स विभाग के नियमों के अनुसार, कैश निकासी पर कई तरह के प्रतिबंध और टैक्स नियम लागू होते हैं।
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बैंक ब्रांच से निकासी: PAN कार्ड है अनिवार्य
बैंक शाखा (Branch) से पैसा निकालने की कोई निश्चित ‘अपर लिमिट’ नहीं है, लेकिन सुरक्षा और पारदर्शिता के लिए नियम कड़े हैं।
- नियम: अगर आप बैंक काउंटर से ₹50,000 से अधिक की नकदी निकालते हैं, तो आपको PAN कार्ड की कॉपी देना अनिवार्य है।
- बड़ी रकम: यदि आपको ₹10 लाख या उससे अधिक की आवश्यकता है, तो बैंक को पहले से सूचित करना पड़ता है ताकि वे नकदी का प्रबंध कर सकें।
ATM से निकासी: कार्ड तय करेगा आपकी लिमिट
ATM से आप कितना पैसा निकाल सकते हैं, यह आपके पास मौजूद ‘डेबिट कार्ड’ के वेरिएंट पर निर्भर करता है:
- क्लासिक कार्ड: प्रतिदिन ₹20,000 से ₹40,000 तक।
- प्रीमियम/गोल्ड कार्ड: ₹50,000 से ₹1,00,000 तक की निकासी संभव है।
- OTP सुरक्षा: ₹10,000 से अधिक की निकासी पर अब अधिकांश बैंक रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर पर OTP भेजते हैं, जिससे धोखाधड़ी की गुंजाइश कम हो गई है।
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भारी कैश निकालने पर लगेगा TDS (Section 194N)
सरकार बड़े कैश ट्रांजैक्शन को हतोत्साहित करती है। अगर आप एक साल में तय सीमा से अधिक कैश निकालते हैं, तो आपकी जेब पर टैक्स की मार पड़ेगी:
- ITR फाइल करने वालों के लिए: एक वित्त वर्ष में ₹1 करोड़ से अधिक कैश निकालने पर 2% TDS कटेगा।
- Non-ITR फाइलर्स के लिए: जो लोग रिटर्न नहीं भरते, उनके लिए नियम सख्त हैं। ₹20 लाख से अधिक की निकासी पर ही 2% TDS कटना शुरु हो जाता है, जो ₹1 करोड़ से ऊपर जाने पर 5% तक पहुंच सकता है।
मुफ्त ट्रांजैक्शन की सीमा और शुल्क
RBI के अनुसार, हर बैंक अपने ग्राहकों को महीने में कुछ मुफ्त ट्रांजैक्शन (आमतौर पर 5 अपने बैंक के ATM पर और 3 अन्य बैंकों के ATM पर) देता है, इस लिमिट के बाद कैश निकालने पर आपको प्रति ट्रांजैक्शन ₹21 + GST का अतिरिक्त शुल्क देना पड़ सकता है।
विशेषज्ञों की सलाह है कि भारी जुर्माना और टैक्स से बचने के लिए अधिक से अधिक डिजिटल भुगतान (UPI, NEFT, RTGS) का उपयोग करें, यदि कैश निकालना मजबूरी है, तो अपनी सालाना निकासी का हिसाब जरूर रखें ताकि इनकम टैक्स का नोटिस न आए।















